Wednesday, 22 February 2017

ख्यातः नाम शिक्षण संस्थानों का राष्ट्रवाद के नाम पर सत्यानाश कर रहे ?

कड़वा सच ?
दिल्ली विश्व विधालय के रामजस कालेज सेमीनार में जे एन यू में राष्ट्र द्रोह के नारे लगाने के आरोपी उमर खालिद को रामजस कालेज सेमीनार में बुलाने का एबीवीपी ने विरोध कर हंगामा किया जिससे आक्रोशित हो ए आय एस ए और आय ए छात्र संगठन ने जवाबी नारे बाजी की पुलिस को हल्का बल प्रयोग करना पड़ा /
अब सवाल ? ये है की ये घटनाए जहाँ हो रही मैनेजमेंट नाम की कोई चीज है की नही ? अगर छात्र देशद्रोही है तो पढ़ाई लिखाई बंद कराओ जेल भेजो और ? यदि कोर्ट ने छोड़ा है तो आजादी से पढ़ाई लिखाई करने दो ?  आज फिर ए बी वि वि पी   का  जंगी  प्रदर्शन  ? तो कही ऐसा तो नही राजनैतिक दलो के अनुवांशिक संगठन के नेता अपनी राजनैतिक महत्वाकांशा की पूर्ति के लिए इन संस्थानों को माध्यम बना रहे और देश के ख्यातः नाम शिक्षण संस्थानों का सत्यानाश कर रहे ?

Friday, 27 January 2017

पुजारी का पद ब्राह्मणों के लिए आरषित हो ?

  सिंहस्थ मेले के दौरान ही सी एम शिवराज सिंह चौहान ने संकेत दिए थे। सरकारी या दान की जमीनों पर बने मंदिरों को सरकारी घोषित कर दिया जाएगा ? और इन ​मंदिरों में सेवा कर रहे पुजारियों की जगह नई नियुक्तियां होेंगी। नियुक्ति के अधिकार नगरीय निकाय या ग्राम पंचायत को मिलेंगे। कुल मिलाकर मंदिरों में अब राजनीति होगी।और सरकार समाज में ब्राह्मणों का मान सम्मान और स्वाभिमान को नष्ट कर मनुवादियो का सत्यानाश कर दलित अर्जेन्टा और तुष्टिकरण हेतु काम कर ही है / इसके लिए कानून का प्रारूप तैयार किया गया है,? जो विधानसभा के बजट सत्र में पटल पर रखा जाएगा। जैसा कि होता आया है। विधानसभा में हंगामे के बीच यह कानून पारित भी हो जाएगा और शिवराज का कद मध्यप्रदेश में आर एस एस से भी बड़ा हो जाएगा क्योकि दलितों में आर एस एस की भी पूरी पेठ नही है ? शिवराज मोदी की लोकप्रियता का लाभ ले ? ब्राह्मणों को लात दे दलित नेता बनने चले है ? भोपाल के पत्रकार मनोज तिवारी की रिपोर्ट के अनुसार प्रदेश में ऐसे 25 हजार से ज्यादा मंदिर होने का अनुमान है। इनमें से 21 हजार की सूची तैयार कर ली गई है। इसका प्रारूप वरिष्ठ सदस्य सचिव समिति को भेजा जा रहा है। संस्कृति विभाग के प्रमुख सचिव मनोज श्रीवास्तव ने इसकी पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि इस प्रारूप पर अभी काम चल रहा है।
पुजारी, व्यवस्थाओं में सुधार ?
फिलहाल प्रबंधन व व्यवस्था में बदलाव नहीं होगा। संचालन के लिए हर मंदिर की अलग समिति होगी, जिसका प्रबंधन कलेक्टर, एडीएम, एसडीएम, तहसीलदार और नायब तहसीलदार संभालेंगे। इसमें स्थानीय लोग भी होंगे।
पुजारियों की नई नियुक्ति होगी ?
जो पुजारी अभी काम कर रहे हैं अयोग्य पुजारी होने पर नई नियुक्ति होगी। स्थानीय निकाय पुजारी नियुक्त कर सकेंगे। गांव में यह अधिकार ग्रामसभा को होगा। सरकार ने इसमें यह तय नहीं किया है कि पुजारी का पद ब्राह्मण समाज के लिए ही आरक्षित होगा।
कलेक्टर कर रहे मंदिरों का चयन
जिलों में मंदिरों का चयन कलेक्टर करेंगे। सूत्र बताते हैं कि 40 कलेक्टरों ने काम पूरा कर लिया है। अभी मंदिरों का आंकड़ा 21 हजार के पार पहुंच गया है ? ब्राह्मणों से उनके पुजारी होने का अधिकार भी छीना जा रहा है और व्यवस्था अनुसार गैर ब्राह्मण और अन्य तबको को पुजारी नियुक्त किया जाएगा ?राष्ट्रीय ब्राह्मण युवजन सभा की माँग है पुजारी पद ब्राह्मणों के लिए आरशित किया जाए ?

Tuesday, 17 January 2017

/ / औदुम्बर विकास पैनल //

                                                                  / / औदुम्बर विकास  पैनल //
प्यारे बहनो और भाईयो
समाज के समग्र विकास और प्रगति के लिये ''औदुम्बर विकास पैनल '' शहर के विभिन्न क्षेत्रो में निवासरत प्रतिभावान सेवाभावी और समर्पित साथियो का समूह है जो निरन्तर समाज सेवा तथा धर्मशाला निर्माण और विकास में संलग्न है / जिनका उदेश्य है सबके साथ और सबके विश्वास
से समाज का कल्याण / हमे ख़ुशी है इंदौर नगर सीमा में नए गाँव शामिल किये जाने से नए ग्रामीण मतदाता जुड़े है जिनका हम अभिनंदन करते है / हमारी कोषिष है की ये लोग औदुम्बर महासभा की मुख्यधारा से जुड़े और अपना योगदान समाज को दे ? लेकिन कुछ   अति महत्वाकांशी  तत्व हमारे ग्रामीण भाईयो को बरगला कर समाज को गाँव व् शहर में बाटने का निंदनीय कार्य करने में लगे है /लेकिन औदुम्बर महासभा और धर्मशाला के प्रति अपने संस्थापक श्रीनाथजी जोशी गंगाधरजी दिवेद्दी गोपालरावजी पुराणिक के द्वारा स्थापित परम्पराओ एवम आदर्शो का पालन अब तक के सभी महासभा अध्यक्ष और कार्यकारिणी सदस्यो द्वारा पूरी निष्ठा से किया जाता  रहा है / और इस श्रृंखला में समाज की मुख्य भूमिका में रहकर भी सबसे पीछे रहने वाले सह्रदय श्री ओमप्रकाश दुबे /ओम भैया / इस का प्रत्यक्ष उदाहरण है जिन्होंने  आप लोगो के साथ और विशवास से पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ निर्माण और विकास की अपनी जवाबदारियां पूरी करते हुए सामाजिक एकता और समरसता के लिए भी उलेखनीय प्रयास किये है /
आप सभी से सादर निवेदन है की निम्न लिखित उम्मीदवार साथियो को उनके नाम के आगे लिखे चुनाव चिन्ह पर मोहर लगाकर भारी मतो से विजय बनावे /
   
 १ अध्यक्ष - ओमप्रकाश दुबे -; वर्तमान अध्यक्ष/ रिटारर्ड  इंजीनियरइंदौर नगर निगम//  उगाता सूरज  २ महिला वर्ग -- १ श्रीमती रेखा सुरेश दुबे - स्व सेठ हीरालालजी दुबे // श्रीराम तलावली वाले// की बहु / वर्तमान में औदुम्बर महिला मंडल की अध्यक्ष रहते हुए अपनी शारीरिक क्षमता से अधिक परिश्रम कर औदुम्बर समाज की महिलाओ को संगठित हेतु प्रयासरत हे /    चिन्ह     // गेस का चूल्हा// //             २ संध्या श्रीराम कानूनगो -; जूनि  इंदौर  बक्शी परिवार की बेटी  श्रीराम कानूनगो / रिटायर्ड / इंदौर हाईकोर्ट //   की  धर्मपत्नी संध्याजी महिला संगठन की सक्रीय कार्यकर्ता है /   चिन्ह  // स्टोह//
सदस्य - कार्यकारिणी -:                                                                       // चुनाव चिन्ह //
1 प्रदीप जोशी -- औदुम्बर समाज में आपका सम्मान जनक स्थान है /   // मोटर  सायकल //
२ अजय चौधरी-; आप पिछले 20 वर्षो से लगातार समाज में सक्रीय रहते हुए अच्छे काम करने वालो का ईमानदारी से साथ देते है / इस हेतु आप तीन बार चुनावी निर्वाचन में और दो बार निर्विरोध निर्वाचन में कार्यकारिणी सदस्य और विभिन पदों पर रहते हुए वर्तमान में प्रधान मंत्री है / और ओम भैया के साथ निर्माण और विकास में कन्धे से कंधा मिलाकर जुटे है / पिछली बार आपने भी समाज हित में अपना नाम अध्यक्ष पद से वापस लिया था ? लेकिन वर्तमान में ओम भैया के द्वारा किये जा रहे अधूरे निर्माण कार्य को पूरा करने हेतु उनके समर्थन में खड़े है /                                   चुनाव चिन्ह   //   हल //      
3 योगेश व्दिवेदी :- श्रीनाथजी के चरण अनुरागी  योगेशजी साफ़  दिल के  सक्षम  जाबांज साथी है / वर्तमान कार्यकारिणी में आय व्यय निरक्षक है और इस  निर्माण औरविकास  में सहभागी है /                                                                          चुनाव चिन्ह      // सीडी //
४ विजेश पुराणिक :- औदुम्बर समाज में आयी नई चेतना उत्साह और उमंग जगाकर   विजेश  ने  प्रसंशनीय काम किया है/ सामाजिक उत्सव आयोजनों को भव्यता प्रदान करने का कार्य उत्सव मंत्री रहते हुए बखूबी निभाया है /अत्याधिक  व्यवसाईक  व्यस्तता  के बावजूद  इतनी सक्रियता  प्रसंशनीय है  /                                                                   चुनाव चिन्ह          // कलश //
 ५ मनीष पाठक ;- आप  युवा इंजीनियर वेल्युवर  होकर सुदामानगर के  पाठक  परिवार से  बाबुरावजी  पाठक के पुत्र है /                                              चुनाव चिन्ह           //पोस्ट बॉक्स // /                     ६ अभिमन्यु  जोशी -; अधिकवक्ता  और  स्पष्टवक्ता  है / भवन मंत्री  रहते हुए  पूरी पारदर्शिता  से काम कर दिखाया है /                                                  चुनाव चिन्ह   // टेबल लेम्प //
7  कन्हैयालालजी परसाई ;-  के डी परसाई  के नाम से  जाने  जाते है आप सिंडिकेट  बैक  से  रिटायर्ड  है       / कार  केअर का अत्याधुनिक  सुविधा पूर्ण  वर्कशाप फूटी कोठी चौराहे पर शुरू किया  है  सीनियर है समाजकार्य में रूचि रखते है /    
                                                                          चुनाव चिन्ह    // अलमारी //
८  अचल  दुबे -;किशोर अवस्था से  समाज की गतिविधियां के संचालन में  गतिशील रहे है /                                                                    चुनाव चिन्ह      // तालाचाबी //
९ मुरलीधर  जोशी -; सरल व् सहज  स्वभाव  इंदौर नगर निगम  के रिटायर्ड   सचिव  रावजी बाजार निवासी /                                                             चुनाव चिन्ह              // चिमनी //
१० अजय बक्शी -; सामाजिकता में रचे बसे है आप वर्तमान में भोपाल नई दुनिया से  जुड़े है / समाज में   एकता के सूत्र  बनाने के प्रयास करते  रहते है /    चुनाव चिन्ह              //कुर्सी //
११ राजेश राधेश्याम दुबे-;  भवन निर्माण  सामग्री के  साहसी  युवा व्यापारी  है ओम  भैया  के अभिन्न है / और सतीशजी  दुबे  हिंगोनिया वाले के भतीजे  है/         चुनाव चिन्ह  // फावड़ा //
१२ आशुतोष शर्मा - समाज सेवा से  आशुतोषजी  का पुराना नाता है सबको  साथ लेकर  चलना  इन्हें  बखूबी आता है /  आप  पूर्व  अध्यक्ष  जगदीशचन्द्रजी  जोशी  के भाणेज है / और पूर्व  में भी कार्यकारिणी  में  रहे  है  लेकिन   अब आप  ओम  भैया  को समर्थन  देने के  लिये  खड़े  है व्यवसाय में A क्लास  इलेक्ट्रिक  कांट्रेक्टर  है /                                   चुनाव चिन्ह    // शंख //
१३ निर्मल उपाध्याय-; आप बैंकिग से रिटायर्ड है / आदरणीय गौरीशंकरजी के दामाद है /
                                                                     चुनाव चिन्ह          // कुकर //
१४ दिलीप दुबे;- ब्राह्मण संगठनों के आयोजन में सक्रीय भूमिका निभाकर उन्हें सफल करने में सहयोग देने वाले कर्मठ कार्यकर्ता है जिनके समाज में सब से आत्मीय संबंध है /   //बल्व //
१५ ललित जोशी;- अकाउंट के क्षेत्र से है महासभा का पारदट्स तैयार किया है /  समाज कार्य में रूचि रखते है /                                                        चुनाव चिन्ह          //  शेर //
१६ तुषार जोशी -: उर्जावान युवा है सामाजिक आयोजनों में सार्थक भूमिका निभाते आ रहे / आप // सूर्य दादा // सुर्यकुमारजी जोशी  के पुत्र है /                     चुनाव चिन्ह                //  स्लेट //
१७ आशुतोष पुराणिक -; सामाजिक कार्यो में सक्रियता बनाये रखने वाले / विद्वान पंडित रवि पुराणिक के पुत्र जूनि इंदौर /                                                चुनावचिन्ह    // केतली //    
१८ प्रतीक दुबे :- आप नानाभाई के पोत्र शशिकांतजी दुबे  के पुत्र और स्व ललिता शंकर जी दिवेदी के नाती है / आप एजुकेशन क्षेत्र से जुड़े है और उर्जावान युवा कार्यकर्ता है /  चिन्ह     // पतंग //
अनुरोध है सेवा कार्य में लीन इन साथियो को अपना  सहयोग प्रदान करे //
आशीर्वाद दाता -: सदाशिवराव जोशी // नाना दादा // सर्वश्री शांतिलालजी जोशी / जगदीश चन्द्रजी जोशी / गौरीशंकरजी जोशी / बाबुरावजी पाठक / भवानी शंकर पाठक /   जगदीशजी गुरु / सुरेशजी दिवेदी / देवेंद्र  बक्शी / सोहनलालजी द्वे /  दिनेश दिवेदी / विजय दुबे / ओमप्रकाशजी शर्मा एड ./ नरेन्द्र दुबे / सतीशजी जोशी / राजेश शुक्ला /  आनंद जोशी / श्यामचंद्र दुबे / सुशिलचन्द्र राणा / अनिल दुबे / सतीश दुबे // सुरेश दुबे // श्रीमती कृष्णाकमल जोशी / अंतिम दुबे / राजेश श्रीकांत जोशी / कृष्णकान्त दुबे /कन्ना भैया / प्रदीप पुराणिक / वीरेंद्र जोशी / डॉ रमेश दुबे / दुर्गाशंकर दुबे / डॉ  ओमप्रकाश जोशी / सूर्यकुमार पाठक / सतीश बक्शी / बलराम दुबे / सुनील दुबे / डॉ ओ पी दुबे / चन्द्रशेखरजी शर्मा / दिलीप दुबे / विकास शर्मा / मनोज दिवेदी / प्रदीप उपाध्याय / धनश्याम जोशी /  श्याम चौधरी /अशोक चौधरी / दीपक चौधरी /      /छगन दुबे /ओमप्रकाश दुबे सिरपुर  / महेश दुबे /  राजीव बक्शी /   अनिल  चौधरी /  अजय  दुबे /  अमित दुबे / अर्पित चौधरी// नवीन   जोशी / प मयंक जोशी / महेश पाठक / अशोक दुबे / कृष्णकान्त  दुबे /  सूर्यकुमार जोशी // सूर्य दादा // विजय पुराणिक / योगेंद्र  ज्योतिषी / धीरज दुबे
//संयोजक -; प्रदीप जोशी //



                 

Monday, 19 December 2016

राष्ट्रीय ब्राह्मण युवजन सभा की माँग है पुजारी पद ब्राह्मणों के लिए आरशित किया जाए ?

सिंहस्थ मेले के दौरान ही सी एम शिवराज सिंह चौहान ने संकेत दिए थे। सरकारी या दान की जमीनों पर बने मंदिरों को सरकारी घोषित कर दिया जाएगा ? और इन ​मंदिरों में सेवा कर रहे पुजारियों की जगह नई नियुक्तियां होेंगी। नियुक्ति के अधिकार नगरीय निकाय या ग्राम पंचायत को मिलेंगे। कुल मिलाकर मंदिरों में अब राजनीति होगी।और सरकार समाज में ब्राह्मणों का मान सम्मान और स्वाभिमान को नष्ट कर मनुवादियो का सत्यानाश कर दलित अर्जेन्टा और तुष्टिकरण हेतु काम कर ही है / इसके लिए कानून का प्रारूप तैयार किया गया है,? जो विधानसभा के बजट सत्र में पटल पर रखा जाएगा। जैसा कि होता आया है। विधानसभा में हंगामे के बीच यह कानून पारित भी हो जाएगा ? शिवराज मोदी की लोकप्रियता का लाभ ले ? ब्राह्मणों को लात दे l लोकप्रिय नेता बनने चले है ? भोपाल के पत्रकार मनोज तिवारी की रिपोर्ट के अनुसार प्रदेश में ऐसे 25 हजार से ज्यादा मंदिर होने का अनुमान है। इनमें से 21 हजार की सूची तैयार कर ली गई है। इसका प्रारूप वरिष्ठ सदस्य सचिव समिति को भेजा जा रहा है। संस्कृति विभाग के प्रमुख सचिव मनोज श्रीवास्तव ने इसकी पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि इस प्रारूप पर अभी काम चल रहा है।
पुजारी, व्यवस्थाओं में सुधार ?
फिलहाल प्रबंधन व व्यवस्था में बदलाव नहीं होगा। संचालन के लिए हर मंदिर की अलग समिति होगी, जिसका प्रबंधन कलेक्टर, एडीएम, एसडीएम, तहसीलदार और नायब तहसीलदार संभालेंगे। इसमें स्थानीय लोग भी होंगे।
पुजारियों की नई नियुक्ति होगी ?
जो पुजारी अभी काम कर रहे हैं अयोग्य पुजारी होने पर नई नियुक्ति होगी। स्थानीय निकाय पुजारी नियुक्त कर सकेंगे। गांव में यह अधिकार ग्रामसभा को होगा। सरकार ने इसमें यह तय नहीं किया है कि पुजारी का पद ब्राह्मण समाज के लिए ही आरक्षित होगा।
कलेक्टर कर रहे मंदिरों का चयन
जिलों में मंदिरों का चयन कलेक्टर करेंगे। सूत्र बताते हैं कि 40 कलेक्टरों ने काम पूरा कर लिया है। अभी मंदिरों का आंकड़ा 21 हजार के पार पहुंच गया है ? ब्राह्मणों से उनके पुजारी होने का अधिकार भी छीना जा रहा है और   व्यवस्था अनुसार  अन्य तबको  गेर  ब्राह्मणों  को पुजारी नियुक्त किया जाएगा ? राष्ट्रीय ब्राह्मण युवजन सभा की माँग है पुजारी पद ब्राह्मणों के लिए आरशित किया जाए  और केवल ब्राह्मणों को  पुजारी नियुक्त किया जाए अन्यथा  अपने अस्तित्व  के संधर्ष हेतु   ब्राह्मण  समाज  तैयार रहे ?  

Tuesday, 13 December 2016

आपरेटर चाहे कितना भी अच्छा हो मशीन तो भ्रष्टाचार का जंग खाई हुई है //

  समूचा विपक्ष चीख चीख कर कह रहा मोदीजी ने नोटबंदी के पहले पूरी तैयारी नही की ? लेकिन मोदीजी ने कहा था हेराफेरी से कुछ होने वाला नही ये कागज के टुकड़े हो गये ? ये बात अब सही हो रही रोज लोग पकड़े जा रहे बेकिंग में गड़बड़ करने वालो का निचे से ऊपर तक चिठ्ठा तैयार है / अभी एक साथ इतनी कार्यवाही संभव नही वरना ई डी आय टी सीबीआई रा यहां तक की प्रायवेट डिटेक्टिव एजेंसियों से भी स्ट्रिग आपरेशन कराये जा रहे है रोज नोट पकडे भी जा रहे ? सोने और संपती में भी घुसे लोग भी नही बच पाएंगे ? लेकिन क्या करे यार आपरेटर चाहे कितना भी अच्छा हो मशीन तो भ्रष्टाचार का जंग खाई हुई है ?
 

Sunday, 11 December 2016

अहंकार के वशीभूत हो वो देवत्व तो क्या अपनी इंसानियत भी खो देता है ?

 व्यक्ति    स्नेह  त्याग समर्पण  और   सद्भावना  के  अतिरेक में    अपना  प्रभाव   तक  का परित्याग  कर थोड़ी   देर  के  लिये  देवता  तुल्य    हो  जाता   है  ?  और   नई   पीढ़ी   को   जिम्मेदारी   देकर    आगे   आने  का   रास्ता  देने  के   बाद  उनकी  प्रतिभा  और  सफलता से  उद्धेलित   और  असुरषा की  भावना   से  मन   ग्रसित  करने   लगता  है ? ऐसी   विचलित   स्थिति में  अपने  अहंकार  के   वशीभूत हो  वो  रास्ते  में  काँटे  बिछाकर    अपने  देवत्व   तो  क्या   वो   अपनी   इंसानियत  भी  खो  देता  है  ?  जैसा  मिस्त्री  के साथ  टाटा  ने  और  अखिलेश  के साथ मुलायमसिह ने   किया /  ओरो  ने  भी  देश  काल  परिस्तिथियो   के  अनुसार  तुम्हारे हमारे  साथ  भी  किया  ??????????          

Monday, 5 December 2016

इस देश के राजनैतिक भगवान ?

कड़वा सच ?  /// ? यह देश युगो तक मुगलो का गुलाम रहा वर्षो अंगेजो का फिर कांगेस का क्योकि हम मूर्ति पूजक लोग है हम साकार स्वरूप को पूजते हे निरंकार को नही इसलिये सिंदूर लगा पत्थर भी हमारा भगवान हो जाता है ! यही कारण हे व्यक्ति पूजा में हमारी सहज आसक्ति हो जाती है और हमे भी पता नही चलता ! इसीलिये इस देश में कई संत महात्माओ को अवतार मान पूजा जाता है / वही यहाँ की जनता अलग अलग क्षेत्रो में कामयाब लोगो को भगवान का दर्जा देने में भी देर नही कर करती क्रिकेट के क्षेत्र में सचिन तेंदुलकर और बॉलीवुड महानायक अभिताभ के तो मन्दिर बन चुके है और राजनीती के क्षेत्र में जयललिता की भी यही स्तिथि तमिलनाडु में रहेगी / इसीलिये  भारत की राजनीती भी व्यक्तिवाद पर आधारित है पहले देश ने गांधी नेहरू का फिर इंदिराजी का फोटो चला विपक्ष की मजबूरी थी उसके पास फोटो नही था ! इंदिराजी और राजीव ग़ांधी की मौत के बाद विपक्ष के पास  राम  का  फोटो हाथ लगा  अटलजी का फोटो  साथ रहा तीन चुनाव में अच्छी सफलता मिली फिर फोटो विहीन विपक्ष के सामने सोनिया, राहुल  ,प्रियंका का फोटो चला दस साल सरकार चली ! अब मोदी का फोटो देश में चल रहा है वो भी भगवान बनकर ! अन्य राज्यों में मुलायम ममता कभी मायावती लालू चलते रहे है ! केजरीवाल ऐसी श्रंखला में चल पड़े थे अगर सही चलते तो उनके फोटो में विकल्प की आपार संभावना थी लेकिन वो दिशाहीन हो गये ? नीति निर्धारण विकास महंगाई घोषणा पत्र राजनीतिक पार्टी सब गौण है ! फोटो महत्वपूर्ण है इस बात को मोदी भली भांति जानते है देश की नब्ज पहचानते है ? इसलिये पब्लिसिटी और मीडिया मैनेजमेंट को बखूबी सम्हालते है ! ये बात केजरीवाल भी जानते है ! अत: अपने अलावा आप में वो किसी को नही मानते है !
लेकिन इनके सामने प्रियंका गांधी अभी  भी सबसे बड़ी चौनोती बन सकती है ? क्योकि उसमे अपनी दादी इंदिराजी का अक्स नजर आता है और वो पीढ़ी अभी तो है जो इंदिराजी को जानती है, और जन भावनाओ को कुदेरना प्रियंका को भली भांति आता है / लेकिन देर हुई तो रामजी भली करे ?