Sunday, 1 July 2018

मंदसौर वीभत्स घटना पर घड़ियाली आसूं ??

मंदसौर की वीभत्स घटना को लेकर ज्योतिरादित्य सिंधिया ने शिवराजसिंह चौहान से स्तीफे की मांग कर केंडल मार्च का प्रभावी राजनैतिक प्रदर्शन किया ? वही भाजपा ने घड़ियाली आसूं दिखाते हुए संभागायुक्त को ज्ञापन दे एक माह में  फैसला कर आरोपी को फांसी देने की मांग की / लेकिन राजनेता पत्ते डाली गिनने के बजाय जड़ पर वार क्यों नहीं करते  , , ऐसी वीभत्स घटनाओ की पुनरावर्ती न हो इसका हल क्यों नहीं खोज पाते , सजा किसी अपराध को रोकने का विकल्प नहीं ,अपराध के कारण और उसके लिए उपजी मनोवृति को रोकना प्रभावी प्रतिबंध होगा ?
सारी बुराईयो अपराधों की जननी नशा है तो एक स्वर में पूर्ण नशाबंदी की मांग क्यों नहीं उठाई जाती , महिलाओ पर अत्याचार ,उत्पीड़न की डिगे हांकने वाली संस्थाए क्यों इसके लिए प्रभावी जन आंदोलन खड़ा नहीं करती , क्या शराब से मिलने वाले आबकारी टेक्स के बिना सरकार नहीं चलाई जा सकती नितीश से सबक ले ? शिवराज पंद्रह साल के साशन के बाद चाहकर भी ब्यूरोकेट्स के दबाव के चलते पुलिस कमिश्नरी और नशाबंदी नहीं कर पाये , यह उनकी व् भाजपा सरकार की बड़ी असलता है ./
शेम शेम शेम ? ? ? ?



No comments:

Post a Comment